इज्जतनगर रेल मंडल ने ट्रेनों को आइसोलेशन वार्ड के रूप में बनाने को लेकर बड़े स्तर पर काम शुरू किया है। इज्जतनगर रेल कारखाना में 21 कोच आइसोलेशन वार्ड बना दिए गए हैं, अभी 36 कोच और आइसोलेशन वार्ड के रूप में तैयार होंगे। इतना ही नहीं काठगोदाम, लालकुआं और कासगंज कोच डिपो में भी तीन-तीन कोच आइसोलेशन वार्ड बनाए गए हैं। रेल कारखाना को 456 कोच अस्पताल के रूप में तैयार करने हैं। 15 तारीख तक इस लक्ष्य को पूरा करने की तैयारी है। इसके बाद जहां जरूरत होगी वहां कोच भेजे जाएंगे।

यहां बनेंगे 24-24 आइसोलेशन वार्ड

काठगोदाम, लालकुआं एवं कासगंज में स्थित कोचिंग डिपो में भी कोेचों को आइसोलेशन कोचों में परिवर्तित किया जा रहा है। उक्त सभी तीनों कोचिंग डिपो में तीन-तीन कोचों को आइसोलेशन वार्ड में परिवर्तित करने का कार्य पूर्ण किया जा चुका है। टीनों जगह 24-24 वार्ड तैयार किए गए हैं।

कोच चिकित्सक केबिन

प्रत्येक कोच में बने आइसोलेशन वार्ड में पहला केबिन चिकित्साकों एवं पैरा मेडिकल स्टाफ के लिए होगा। इसमें मरीजों के लिए आॅक्सीजन की सुविधा, दवायें व उपकरण होंगे। प्रत्येक कोच में आठ केबिन कोरोना संक्रमित रोगियों के होंगे। सभी कोचों में एक भारतीय शैली के शौचालय को स्नानागार के रूप में परिवर्तित किया है।इसमें लॉन्ग हैंडल टैप एवं हैंड शाॅवर के साथ बाल्टी, मग होगा। मच्छरों से बचाने के लिए मच्छरदानी व उचित वेंटिलेशन की व्यवस्था है। प्रत्येक केबिन में सूखा कूड़ा, गीला कूड़ा व खतरनाक अपशिष्ट पदार्थ के निस्तारण के लिए फुट पेडल ऑपरेटेड ढक्कनदार तीन अलग-अलग डस्टबिन रखे गए हैं।

स्टॉफ को सुरक्षा किट

चिकित्सकों एवं पैरामेडिकल स्टाफ की सुरक्षा के लिए सुरक्षा किट रहेगी। आइसोलेशन वार्ड में तैनात चिकित्सक व पैरामेडिकल स्टाफ सीधे रेलवे व स्थानीय चिकित्सालयों के विशेषज्ञों के संपर्क में रहेंगे।

डिमांड पर भेजी जाएगी अस्पताल ट्रेन

इज्जतनगर रेल मंडल के जनसंपर्क अधिकारी राजेंद्र सिंह का कहना है, जो कोच आइसोलेशन वार्ड के रूप में तैयार किए जा रहे हैं। वह एक अस्पताल के रूप में ट्रेन होगी। जहां भी आवश्यकता होगी वहां उस ट्रेन को रवाना कराया जाएगा। सभी कोच बनाकर तैयार हो रहे हैं, अभी 41 कोचों को आइसोलेशन वार्ड के रूप में तैयार किये जायेंगे। 16 कोच बनकर तैयार हो गए हैं।